ऑस्ट्रेलिया में खेली जा रही भारत और मेजबान ऑस्ट्रेलिया के बीच बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी का पहला टेस्ट मैच एडिलेड ओवल मैदान में खेला गया। एडिलेड में खेले गए पहले टेस्ट मैच को भारतीय टीम ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए शानदार जीत हासिल कर सीरीज में 1-0 से बढ़त बना ली है।
भारतीय टीम ने पहला टेस्ट जीत कर सीरीज जीतने की तरफ बढ़ाए अपने कदम
भारतीय टीम को सीरीज शुरू होने से पहले ही इस 4 मैचों की टेस्ट सीरीज का दावेदार बताया जा रहा था और भारतीय टीम ने एडिलेड टेस्ट मैच की जीत के साथ इस ओर अपना कदम भी बढ़ा दिया है।

पहले टेस्ट मैच को भारत ने 31 रनों से अपने नाम कर सीरीज की शुरूआत जीत के साथ की। टेस्ट क्रिकेट में सीरीज में जीत के साथ शुरूआत करने का मतलब है कि उस टीम के सीरीज जीतने के अवसर भी बढ़ जाते हैं।
पहला टेस्ट जीतने के बाद 14 में से 11 बार भारत ने जीती है सीरीज
वैसे भारतीय टीम को अगर सीरीज को फतेह करना है तो उन्हें इसी तरह के प्रदर्शन को आने वाले टेस्ट मैचों में भी बरकरार रखना होगा।

लेकिन इतिहास भारतीय टीम के साथ है। भारतीय क्रिकेट टीम ने विदेशी दौरों पर टेस्ट सीरीज की शुरुआत की तो तो ज्यादातर मौको पर भारत को सीरीज जीत हासिल हुई है। जिसमें अब तक भारत ने 14 में से 11 बार सीरीज को फतेह किया है।
भारत को इन तीन मौको पर ही नहीं मिल पायी पहला मैच जीतने के बाद सफलता
इनमें से जिन तीन मौको पर भारतीय टीम को सीरीज जीतने में असफलता हाथ लगी उनमें से साल 2006 में दक्षिण अफ्रीका के दौरे पर हार मिली थी जहां भारत ने राहुल द्रविड़ की कप्तानी में जॉहानिसबर्ग में खेला गया पहला टेस्ट तो जीता लेकिन अगले दोनों मैच गंवाने पड़े।

इसके अलावा साल 2001 में जिम्बाब्वे के खिलाफ भारत ने वहां पहला टेस्ट मैच जीता लेकिन जिम्बाब्वे ने वापसी कर दूसरा टेस्ट जीतते हुए सीरीज को 1-1 से बराबर करवाया। तो वहीं 1976 में न्यूजीलैंड के दौरे पर भारत ने ऑकलैंड में पहला टेस्ट जीतने के बाद सीरीज को गंवाया था।
1968 में आया सीरीज जीतने का ऐसा पहला मौका
इन मौको को छोड़ दिया जाए तो इसके अलावा भारत ने विदेशी दौरो पर जब भी सीरीज का पहला मैच जीता है सीरीज को अपने नाम किया है। ऐसा पहला मौका साल 1968 में आया था जब भारत ने न्यूजीलैंड को पहला मैच जीतने के बाद सीरीज में 3-1 से मात दी थी।
तो वहीं साल 1986 में कपिल देव की कप्तानी में भारत ने इंग्लैंड में पहला टेस्ट मैच जीतने के बाद सीरीज को 2-0 से जीता। 2004 में पाकिस्तान के ऐतिहासिक दौरे पर भारत ने मुल्तान में खेला पहला मैच जीतने के बाद दूसरा मैच गंवाया लेकिन तीसरा मैच जीतकर सीरीज को 2-1 से अपने नाम किया था।

इसके अलावा भारत ने साल 2005 में जिम्बाब्वे में 2 मैचों की सीरीज को 2-0 से क्लीन स्वीप किया। बांग्लादेश को भारत ने सीरीज का पहला मैच जीतने के बाद तीन बार सीरीज जीत हासिल की है।
2009 में न्यूजीलैंड के दौरे पर एकर बार फिर से भारत ने पहला टेस्ट जीतने के बाद अगले दोनों मैच ड्रॉ करवा कर सीरीज को जीता। कुछ ऐसे ही साल 2011 में भारतीय टीम ने वेस्टइंडीज के खिलाफ किया जहां पहला मैच जीतने के बाद वेस्टइंडीज को सीरीज में हराया।
साल 2017 में विराट कोहली की अगुवायी में भारतीय टीम ने वेस्टइंडीज का दौरा किया जहां भारत ने विंडीज को पहले मैच में हराने के बाद 4 मैचों की सीरीज को 2-1 से जीता तो साल 2017 में श्रीलंका के दौरे पर भारत ने 3 मैचों की सीरीज को 3-0 से क्लीन स्वीप किया।
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