स्पोर्ट्स डेस्क। टीम इंडिया के सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर ने मंगलवार को एक ट्वीट कर क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है। गौतम गंभीर ने भारतीय टीम के लिए काफी मैच खेले जिनकी पारियां हमेशा याद रखी जाएगी। गंभीर साल 2007 टी-20 वर्ल्ड कप (75) और 2011 वर्ल्ड कप (97) के हीरो रहे है। यही नहीं वो काफी महान भी है। एक बार उन्होंने अपनी मैन ऑफ द मैच ट्रॉफी विराट कोहली को दे दी थी।
ये वाक्या 24 दिसंबर 2009 का है। इस दिन भारत और श्रीलंका के बीच मैच खेला गया था। श्रीलंका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 315 रन बनाए थे। उस समय टीम इंडिया में वीरेंद्र सहवाग, सचिन तेंदुलकर जैसे दिग्गज ओपनर्स थे। लेकिन श्रीलंका के 316 रन का पीछा करते हुए शुरुआत में ही सहवाग (10) और सचिन (8) का विकेट खो दिया।
*A 2009 match*@GautamGambhir (150*) gives his MoM to @imVkohli (107).
— . . (@anpadh00) October 14, 2018
[as his equally imp contribution in win & his 1st ODI ton] pic.twitter.com/KOIfHb6Pyr
इसके बाद क्रीज पर गौतम गंभीर और विराट कोहली खूंटा गाढ़ कर खड़े रहे और श्रीलंका के गेंदबाजो को विकेट के लिए तरसा दिया। गौतम गंभीर ने 150 रन और विराट कोहली 107 रन की शतकीय पारी खेली थी। दोनों के बीच रिकॉर्ड 224 रन की इस पार्टनरशिप हुई और भारत ने 11 गेंद शेष रहते मैच जीत लिया।
जब गंभीर को उनकी 150 रन की अहम पारी के लिए मैन ऑफ द मैच अवॉर्ड दिया गया तो उन्होंने मना कर दिया। उन्होंने यह अवार्ड विराट कोहली को देने को कहा। विराट कोहली ने मैन ऑफ द मैच अवॉर्ड लिया और रवि शास्त्री उस समय प्रेसेंटेशन को होस्ट कर रहे थे। फिर रवि शास्त्री ने उनसे इस बारे में पूछा तो गंभीर ने कहा- 'हमने जल्द दो विकेट खो दिए थे, लेकिन कोहली ने दबाव में जैसे बल्लेबाजी की उससे मेरे कंधे से प्रेशर हल्का हो गया। 35 ओवर में ही हम स्कोर के करीब आ गए थे और हम मैच जीतने में कामयाब रहे।
यह भी पढ़े:-
IPL 2019: जयपुर में होगी खिलाड़ियों की नीलामी, इन देशों में हो सकते है मैच
भारतीय उपकप्तान ने टेस्ट सीरीज शुरू होने से पहले ऑस्ट्रेलिया को बताया विजेता
हार्दिक पांड्या ने उड़ाया था बड़े भाई का मजाक, क्रुणाल ने फिर इस तरह दिया जवाब
Herald