Halo !!! Saya Kang Ismet, ini adalah blog tentang AMP HTML dan cara penerapannya

भारतीय पुरूष अंतिम दौर में हारे, चौथे स्थान पर रहे

अस्ताना (कजाखस्तान)
भारतीय पुरूष टीम के लिये गुरूवार को विश्व टीम शतरंज चैम्पियनशिप का फाइनल और अंतिम दौर निराशाजनक साबित हुआ जिसमें उन्हें रूस से 1.5-2.5 से हारकर चौथे स्थान से संतोष करना पड़ा। भारतीय टीम ने आठवें दौर में कठिन परिश्रम के बाद संयुक्त दूसरा स्थान हासिल किया था और 2-2 का नतीजा उन्हें कांस्य पदक और जीत रजत पदक दिला सकती थी। लेकिन दुर्भाग्य से हार से उन्होंने इस मौके को गंवा दिया। राष्ट्रीय चैम्पियन अरविंद चिदम्बरम ने चौथे बोर्ड पर दिमित्री आंद्रेकिन को हराने का मौका गंवा दिया और ड्रा खेला। सूर्य शेखर गांगुली ने मशक्कत की लेकिन वह पेचीदा स्थिति का फायदा नहीं उठा सके और दूसरे बोर्ड में उन्होंने भी इयान नेपोमनियाच्ची से अंक बांटे। 

बी अधिबान ने शीर्ष बोर्ड पर सरगेई कारजाकिन से बाजी ड्रा की जबकि एसपी सेतुरमन तीसरे बोर्ड पर एलेक्सजैंडर ग्रिसचुक से हार गये जिससे भारत की पदक की उम्मीद टूट गयी जबकि टीम पहले दिन से पदक की दौड़ में चल रही थी। रूस ने एक दौर रहते ही स्वर्ण पदक जीत लिया था। इंग्लैंड ने रजत और चीन ने कांस्य पदक प्राप्त किया। वहीं इसी के साथ खेली जा रही महिलाओं की चैम्पियनशिप में चीन ने यूक्रेन को 3.5-0.5 अंक से हराकर लगातार नौंवी जीत हासिल की। चीन ने 18 अंक से स्वर्ण, रूस ने 14 अंक से रजत और जार्जिया ने 12 अंक से कांस्य पदक हासिल किया। भारतीय महिला टीम अंतिम दौर में हंगरी से 2-2 से ड्रा खेलकर नौ अंक के साथ छठे स्थान पर रही।