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अगर बिलिंग्स फिट होते तो शायद नहीं खेजते डु प्लेसिस! इस दिग्गज ने खोला राज

खेल डेस्क। आईपीएल सीजन 11 में मंगलवार को खेले गए रोमांचक मैच में चेन्नई सुपर किंग्स ने सनराइजर्स हैदराबाद को महज दो विकेट से हराकर इस बार भी फाइनल में प्रवेश किया। महेन्द्र सिंह धोनी की कप्तानी वाली चेन्नई सुपर किंग्स की टीम को फाइनल में पहुंचाने के लिए इस मैच में सबसे बड़ा रोल साउथ अफ्रीकी बल्लेबाज फाक डु प्लेसिस का रहा। डुप्लेसिस ने अकेले के दम पर न केवल मैच जितवाया बल्कि चेन्नई को 7वीं बार आईपीएल के फाइलन में पहुंचाया। एक तरफ चेन्नई के फैंस डु प्लेसिस की इस पारी को देखकर उनके फेन हो गए होंगे। वहीं चेन्नई के कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने भी डु प्लेसिस की इस अद्भुत पारी के लिए उनकी तारीफ की है और बताया कि उन्हे किस तरह से इस महत्वपूर्ण मैच में खेलने का मौका मिला।

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चेन्नई के कोच स्टीफन फ्लेमिंग कहा है कि चेन्नई सुपर किंग्स को अकेले दम पर आईपीएल फाइनल में पहुंचाने वाले फाफ डु प्लेसिस को सैम बिलिंग्स के चोटिल होने के कारण पहला क्वालीफायर खेलने का मौका मिला। उन्होंने कहा कि सैम बिलिंग्स पिछले मैच में घायल हो गया थे जिसके कारण उन्हे इस मैच में खेलने का मौका मिला। अगर सैम पूरी तरह से फिट हो जाते तो शायद डु प्लेसिस की जगर सैम को मौका मिलता। उन्होंने आगे कहा कि हमने उसकी सैम की गैर मौजूदगी के कारण डु प्लेसिस को टीम में जगह दी।

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लेकिन हमे खुशी है कि हमारा ये फैसला सही साबित हुआ और डु प्लेसिस ने एक शानदार पारी खेलते हुए टीम को जीत दिलाई। उन्होंने इस टूर्नामेंट में डु प्लेसिस के ज्यादा मैच न खेलने के बारे में बताया कि ;टूर्नामेंट के अधिकांश मैचों में बाहर रहने के बावजूद इस तरह की पारी खेलना उसकी मानसिक दृढ़ता और तकनीकी कौशल दिखाता है। हमने सही समय पर सही खिलाड़ी चुना और उसने यह यादगार प्रदर्शन किया।

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उल्लेखनीय है कि मंगलवार को चेन्नई और हैदराबाद के बीच खेले गए मुकाबले में 140 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए चेन्नई ने सात विकेट 92 रन पर गंवा दिए थे लेकिन एक छोर पर टीके डु प्लेसिस ने 42 गेंद में नाबाद 67 रन की पारी खेलकर न सिर्फ टीम को जीत दिलाई बल्कि उसे फाइनल में पहुंचा कर एक यादगार पारी खेली।