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एशियाई खेल 2018 बैडमिंटन: सेमीफाइनल में पहुंच साइना, सिंधु ने रचा इतिहास

जकार्ता 
भारत की स्टार शटलर साइना नेहवाल और पीवी सिंधु ने इंडोनेशिया में जारी 18वें एशियाई खेलों में इतिहास रचते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया। दोनों खिलाड़ियों ने अपने-अपने क्वॉर्टर फाइनल मुकाबलों में थाइलैंड की खिलाड़ियों को मात देकर महिला एकल के सेमीफाइनल में एंट्री की और एशियाई खेलों में अपने-अपने मेडल सुरक्षित कर लिए। पीवी सिंधु ने थाइलैंड की निचौन जिंदापोल को 21-11, 16-21 और 21-14 से हराकर यह मैच अपने नाम किया। इससे पहले साइना नेहवाल ने थाइलैंड की रतचानोक इंतानोन को हराकर सेमीफाइनल में अपनी जगह बनाई थी। यह पहली बार है, जब भारत ने एशियाई खेलों में बैडमिंटन की महिला एकल प्रतिस्पर्धा में सेमीफाइनल में एंट्री की हो। इस तरह दोनों खिलाड़ियों ने इन गेम्स में भारत के लिए दो और मेडल पक्के कर दिए। 

मैच का पहला गेम जीतने में सिंधु को कोई परेशानी नहीं हुई और उन्होंने अपनी प्रतिद्वंद्वी जिंदापोल पर लगातार बढ़त बनाए रखी। महज 17 मिनट में ही उन्होंने 21-11 (10 अंक के अंतर) से यह मुकाबला अपने नाम कर लिया। लेकिन खेल का दूसरा और तीसरा गेम उनके लिए आसान नहीं रहा। पहला गेम भले ही उन्होंने मात्र 17 मिनट में बाजी मार ली हो, लकेन जिंदापोल ने दूसरे गेम और तीसरे गेम में कड़ी चुनौती पेश की। दूसरे गेम की शुरुआत में पिछड़ने के बाद जिंदापोल ने वापसी की और यह गेम अपने नाम कर मैच को एक बार फिर बराबरी पर ला दिया। मैच के दूसरे गेम में कभी सिंधु आगे, तो जिंदापोल आगे चल रही थीं। इस गेम में सिंधु करीब 10 अंकों तक अपनी प्रतिद्वंद्वी से आगे ही थीं, लेकिन यहां से जिंदापोल ने पहले सिंधु से बराबरी की और फिर 13-15 की बढ़त हासिल कर ली। हालांकि सिंधु 16-16 की बराबरी करने में देर नहीं लगाई। लेकिन जिंदापोल ने एक बार फिर बढ़त बनाई और इस गेम को 16-21 से अपने नाम कर लिया। इस बार दोनों खिलाड़ियों ने 22 मिनट तक संघर्ष किया और खेल तीसरे और निर्णायक गेम में पहुच गया। 

तीसरे गेम में सिंधु ने पहले 2 अंक की बढ़त जरूर बनाई, लेकिन फिर लगातार 3 अंक उन्होंने अपनी गलती से नेट टच पर गंवा दिए। देखते ही देखते जिंदापोल ने सिंधु पर 4-7 की बढ़त ले ली। लेकिन इस बार जिंदापोल ने गलती की और अंक सिंधु के खाते में डाले। इसके बाद सिंधु ने बढ़त बनाई और स्कोर को 10-7 कर दिया। हां से एक बार फिर थाई खिलाड़ी ने वापसी की कोशिशें कीं, लेकिन सिंधु ने अपनी लीड को कम नहीं होने दिया। अंत में 22 मिनट चले इस मुकाबले को सिंधु ने 21-14 से अपने नाम कर एशियाई खेलों में अपना मेडल सुरक्षित कर लिया। बता दें कि भारतीय शटलर और थाइलैंड की नित्चाओन जिंदापोल के बीच इससे पहले 4 बार भिड़ंत हुई, जिसमें से 3 मुकाबले में सिंधु के नाम रहे थे। 

प्री-क्वॉर्टर में तुनजुंग को हराया 
इससे पहले पीवी सिंधु ने प्री-क्वॉर्टर फाइनल मुकाबले में सिंधु ने इंडोनेशिया की तुनजुंग ग्रेगोरिया मरिस्का को हराकर क्वॉर्टर फाइनल में प्रवेश किया था। राउंड ऑफ 16 का यह मुकाबला सिंधु ने आसानी से 34 मिनटों में अपने नाम किया। इससे पहले पीवी सिंधु और इंडोनेशिया की तुनजुंग ग्रेगोरिया मरिस्का के बीच तीन मुकाबले खेले गए थे, जिसमें सभी में भारतीय शटलर ने जीत दर्ज की थी। आज चौथा मुकाबला भी सिंधु ने अपने नाम करते हुए जीत का 100% रेकॉर्ड अपने नाम बरकरार रखा है।