खेल डेस्क। 18वें एशियाई खेलों में भारतीय एथलीटों का शानदार प्रदर्शन जारी है। पुरूष 800 मीटर दौड़ में मंजीत सिंह ने भारत को स्वर्ण और जिनसन जॉनसन ने रजत पदक दिलाया है। भारत ने 36 साल बाद 800 मीटर में स्वर्ण पदक अपने नाम किया है। इससे पहले भारत की ओर से आखिरी बार चाल्र्स बोरोमियो ने 1982 दिल्ली एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीता था।
जन्मदिन विशेष: जब नंगे पांव ही मैदान पर उतरकर ध्यानचंद ने भारत को दिलाया ओलंपिक स्वर्ण
एशियाई खेलों में पहली बार शामिल की गई चार गुणा 400 मीटर रिले में भी भारत को रजत पदक मिला है। मंजीत सिंह ने उम्मीदों के विपरित प्रदर्शन करते हुए अनुभवी जिनसन जानसन को पीछे छोडक़र एक मिनट 46.15 सेकेंड का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ समय निकालते हुए 800 मी. दौड़ का स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
जबकि केरल के जॉनसन को एक मिनट 46.35 सेकेंड के समय के साथ रजत पदक से संतोष करना पड़ा। इस दौरान मंजीत ने एक मिनट 46.24 सेकेंड के अपने पिछले सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन में सुधार किया।
चौथे टेस्ट में ये रिकॉर्ड अपने नाम कर सकते हैं विराट कोहली
यह भारत को एथलेटिक्स में तीसरा स्वर्ण पदक मिला है। इससे पहले एथलेटिक्स में तेजिंदरपाल सिंह तूर ने गोला फेंक और नीरज चोपड़ा ने भाला फेंक में भारत को स्वर्णिम सफलता दिलाई थी। एथलीट में भारत के पदकों की संख्या 11 हो गई है।
एशियाई खेलों में केवल दूसरा मौका है जब भारतीय एथलीट 800 मीटर दौड़ में पहले दो स्थानों पर रहे हो। इससे पहले पहले 1951 के पहले एशियाई खेलों के दौरान इस स्पर्धा में रंजीत सिंह और कुलवंत सिंह पहले दो स्थानों पर रहे थे।
चार गुणा 400 मीटर मिश्रित दौड़ में मोहम्मद अनस, एमआर पूवम्मा, हिमा दास और आरोकिया राजीव की चौकड़ी ने तीन मिनट 15 .71 सेकेंड के समय के साथ भारत को रजत पदक दिलाया। हालांकि भारत का यह रजत पदक स्वर्ण में भी बदल सकता है।