
खेल डेस्क। इस साल इंडियन प्रीमियर लीग का आयोजन संयुक्त अरब अमीरात में होने की पूरी संभावना है। हालांकि कोरोना वायरस संक्रमण के कारण इस टूर्नामेंट में दक्षिण अफ्रीका के खिलाडिय़ों का हिस्सा लेना संदिग्ध नजर आ रहा है।
आईपीएल के 13वें संस्करण के लिए विभिन्न फ्रेंचाइजियों ने द. अफ्रीका के कई क्रिकेटरों को खरीदा है। कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण अभी दक्षिण अफ्रीका में कड़ा लॉकडाउन है। इसी कारण कई माह से इस देश में इंटरनेशनल फ्लाइट्स बंद है।
कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण के कारण अभी निकट भविष्य में इस मामले में किसी भी प्रकार की राहत मिलती नजर नहीं आ रही है। इसी कारण अब आईपीएल में भाग लेने के लिए दक्षिण अफ्रीकी क्रिकेटरों को अन्तरराष्ट्रीय फ्लाइट्स प्रारम्भ होने या बीसीसीआई या उनकी फे्रंचाइजियों पर निर्भर रहना होगा।
यदि कोरोना संक्रमण के कारण दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ी आईपीएल में हिस्सा नहीं ले पाते हैं तो इससे चेन्नई सुपर किंग्स और रॉयल चैलेंजर्स बंगलोर को सबसे अधिक नुकसान होगा। एबी डीविलियर्स, डेल स्टेन, क्रिस मॉरिस आरसीबी और फॉफ डु प्लेसिस, लुंगी नगिडी, इमरान ताहिर सीएसके का हिस्सा है।
वहीं क्विंटन डी कॉक को मुंबई इंडियंस, कगिसो रबाडा को दिल्ली कैपिटल्स, डेविड मिलर को राजस्थान रॉयल्स और हार्डस विल्जोन को किंग्स इलेवन पंजाब ने खरीदा है।