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INDvsPAK T20 Series : क्‍या फिर भारत और पाक होंगे आमने सामने!

क्रिकेट की दुनिया के चिरप्रतिद्वंद्वी भारत और पाकिस्तान फिर से एक दूसरे के देश में जाकर क्रिकेट खेलने वाले हैं क्‍या. क्‍या भारत और पाकिस्‍तान के बीच तीन टी20 मैचों की सीरीज होने वाली है. इस तरह की खबरें सामने आ रही हैं, हालांकि बीसीसीआई और पीसीबी की ओर से इस बारे में कुछ भी नहीं कहा गया है. पाकिस्‍तानी मीडिया इस तरह की बातों को तेजी के साथ उछाल रहा है. लेकिन अगर सीरीज होती भी है तो इसमें कुछ वक्‍त जरूर लगेगा. भारत और पाकिस्‍तान के बीच क्रिकेट संबंध फिर से बहाल हो सकते हैं. इस तरह की खबरें सामने आ रही हैं कि भारत और पाकिस्‍तान इस साल तीन मैचों की टी20 मैचों की सीरीज खेल सकते हैं.

पाकिस्तानी उर्दू अखबार डेली जंग की रिपोर्ट के अनुसार भारत और पाक इस साल टी20 मैचों की एक छोटी सी सीरीज खेल सकते हैं. अखबार ने उच्चपदस्थ सूत्रों के हवाले से खबर दी है कि पाकिस्तान अपने पड़ोसी मुल्क भारत के साथ एक द्विपक्षीय सीरीज खेलने पर विचार कर रहा है. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के एक अधिकारी ने पहले तो इस मामले पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया, लेकिन बाद उन्होंने कहा है कि उन्हें सीरीज की तैयारी करने को कहा गया है. सूत्रों का कहना है कि दोनों टीमों केवल तीन ही मैचों की टी20 सीरीज हो सकती है और इसके लिए छह दिन के विंडो की तलाश जारी है. अखबार ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच अगर सीरीज की शुरुआत होती है तो भारतीय टीम पाकिस्तान के दौरे पर आएगी क्योंकि पिछली बार जब 2012-13 में दोनों टीमों के बीच द्विपक्षीय सीरीज थी तो पाकिस्तान टीम ने भारत का दौरा किया था. हालांकि पीसीबी के चेयरमैन एहसान मनी ने कहा है कि इस सीरीज को लेकर अभी तक किसी ने भी उनसे संपर्क नहीं किया है और ना ही इस संबंध में भारतीय बोर्ड ने उनसे बातचीत की है. भारत और पाकिस्तान ने 2012-13 के बाद से कोई भी द्विपक्षीय सीरीज नहीं खेली है. लेकिन दोनों टीमें आईसीसी के टूर्नामेंटों में एक-दूसरे के खिलाफ खेलती आ रही है.

आपको बता दें कि पाकिस्‍तान की ओर से लगातार आतंक फैलाए जाने के बाद से भारतीय सरकार और बीसीसीआई ने पाकिस्‍तान के साथ अपने अपने देशों में क्रिकेट खेलने से मना कर दिया था. पाकिस्‍तान क्रिकेट बोर्ड लगातार इसके लिए प्रयास करता रहा है, लेकिन बीसीसीआई ने कभी भी इसके लिए हामी नहीं भरी. हालांकि एक बार फिर इस मामले को लेकर कवायद की जा रही है, देखना होगा कि दोनों देशों के सरकारें और क्रिकेट बोर्ड इस पर क्‍या कुछ फैसला करते हैं.



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