स्पोर्ट्स डेस्क. 41 वर्षीय हफीज विश्व क्रिकेट में 'प्रोफेसर' के नाम से जाने जाते हैं। पाकिस्तान क्रिकेट टीम के दिग्गज ऑलराउंडर मोहम्मद हफीज ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है। गद्दाफी नेशनल स्टेडियम में प्रेस कांफ्रेंस के जरिए अपने रिटायरमेंट की घोषणा की है।
* ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला आखिरी मैच

इंटरनेशनल स्टेज पर हफीज ने अपना आखिरी मुकाबला टी20 वर्ल्डकप के सेमीफाइनल का खेला था. इस मुकाबले में पाकिस्तान को ऑस्ट्रेलिया से हार मिली थी. जानकारी के अनुसार हफीज ने पहले ही साफ कर दिया था कि टी20 वर्ल्डकप के बाद वे इंटरनेशनल क्रिकेट से सन्यास ले लेंगे।
* हफीज का इंटरनेशनल करियर

अपने 18 साल के करियर में हफीज ने सलामी बल्लेबाज से लेकर लोअर मिडिल ऑर्डर में बल्लेबाजी की है. उन्होंने अपने करियर में 218 वनडे मैचों में 6614 रन बनाए, जिसमें 11 शतक शामिल है. इसके साथ ही हफीज ने 55 टेस्ट मैच में 10 शतक जड़े और 3652 रन बनाए. वहीं अगर बात की जाए टी20 फॉर्मेट की तो हफीज ने 119 मुकाबले खेले जिसमें उन्होंने 2514 रन बनाए और 61 विकेट झटके. उनकी इसी काबिलियत के चलते पाकिस्तान क्रिकेट टीम में उन्हें ऑलराउंडर के रूप में देखा जाता था।
* 18 साल के करियर के बाद लिया संन्यास
हफीज का इंस्टरनेशनल करियर 18 साल का रहा है. साल 2003 में उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ डेब्यू किया था. दाएं हाथ के बल्लेबाज हफीज का क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में शानदार प्रदर्शन रहा है. बल्लेबाजी के साथ हफीज ऑफ स्पिन बोलिंग की वजह से टीम के लिए उपयोगी रहा करते थे. हालांकि हफीज ने दिसंबर 2018 में टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कह दिया था. वहीं वर्ल्डकप 2019 के बाद पाकिस्तान टीम के सेलेक्टरों ने हफीज को मौका नहीं दिया था।
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